Angkrish Raghuvanshi Out, MCC Rule : अंगकृष रघुवंशी के विकेट पर मचा कोहराम, अब MCC ने खुद सामने आकर दी सफाई; जानें क्या है ‘Obstructing the Field’ नियम
आईपीएल के मौजूदा सीजन में विवाद कम होने का नाम नहीं ले रहे हैं। कोलकाता नाइट राइडर्स (KKR) के युवा बल्लेबाज अंगकृष रघुवंशी का ‘Obstructing the Field’ आउट होना इस वक्त क्रिकेट जगत में चर्चा का सबसे बड़ा विषय बना हुआ है। जहां फैंस और कई दिग्गज इसे अंपायर की गलती बता रहे थे, वहीं अब क्रिकेट के नियम बनाने वाली संस्था MCC (Marylebone Cricket Club) ने इस पर अपनी चुप्पी तोड़ी है।
मैदान पर असल में हुआ क्या था?

मैच के दौरान जब रघुवंशी रन चुराने की कोशिश कर रहे थे, तब फील्डर का थ्रो उनकी तरफ आया। दौड़ते समय रघुवंशी की दिशा थोड़ी बदली और गेंद उनके शरीर से जा टकराई। विपक्षी टीम ने तुरंत ‘Obstructing the Field’ की अपील की।
काफी देर तक रीप्ले देखने के बाद थर्ड अंपायर ने रघुवंशी को ‘OUT’ करार दिया। केकेआर के खेमे में इस फैसले को लेकर भारी नाराजगी देखी गई, क्योंकि उनका मानना था कि बल्लेबाज सिर्फ खुद को चोट से बचाने की कोशिश कर रहा था।
MCC ने थर्ड अंपायर के फैसले पर क्या कहा?
विवाद बढ़ता देख MCC ने आधिकारिक स्पष्टीकरण जारी किया है। MCC के अनुसार:
“नियम 37.1 के तहत, यदि कोई बल्लेबाज जानबूझकर अपने शब्दों या कार्यों से फील्डिंग टीम को बाधित करने की कोशिश करता है, तो उसे आउट दिया जा सकता है। इस मामले में, बल्लेबाज ने गेंद की दिशा देखने के बाद अपनी रनिंग लाइन बदली थी, जो फील्डर के थ्रो के बीच में आई। इसलिए थर्ड अंपायर का फैसला नियमों के मुताबिक सही था।”
क्या है नियम 37.1 (Obstructing the Field)?
क्रिकेट के इस नियम के मुताबिक, अगर कोई बल्लेबाज गेंद को हाथ से रोकता है या जानबूझकर विकेटों की तरफ आ रहे थ्रो के बीच में आता है ताकि वह रन आउट होने से बच सके, तो उसे आउट माना जाता है। इसमें ‘जानबूझकर (Willful)’ किया गया प्रयास सबसे महत्वपूर्ण होता है।
सोशल मीडिया पर छिड़ी जंग
सोशल मीडिया पर क्रिकेट फैंस दो गुटों में बंट गए हैं। कुछ का कहना है कि रघुवंशी ने जानबूझकर ऐसा नहीं किया, वहीं कुछ अंपायर के फैसले को गेम की स्पिरिट के हिसाब से सही मान रहे हैं।
